हिन्दुस्तान मेल, इंदौर। अर्बन-20 की बैठक में शामिल होने आए देश के कई शहरों के महापौर, सीईओ और अन्य अतिथियों ने शहर के राजबाड़ा, गोपाल मंदिर, कृष्णपुरा छत्री सहित ऐतिहासिक स्थलों का अवलोकन किया। बाद में ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित बैठक में शामिल हुए।
शाजापुर में मक्सी-उज्जैन मार्ग पर बुधवार रात करीब साढ़े 3 बजे एक बस और ट्राले में आमने-सामने भिड़ंत हो गई। हादसे में तीन यात्रियों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक मां-बेटी ने अस्पताल में दम तोड़ दिया। 13 घायलों को उज्जैन ले जाया गया है। बस माधवगढ़ (जालौन, उत्तरप्रदेश) से अहमदाबाद जा रही थी।
मृतक उत्तरप्रदेश के रहने वाले थे। घटनास्थल पर जान गंवाने वालों में दो महिलाएं एक ही परिवार की थीं और शादी में शामिल होने अहमदाबाद जा रही थीं। दोनों बस में आगे की सीट पर बैठी हुई थीं। मक्सी थाने के एसआई दीपेश व्यास ने बताया कि उज्जैन-मक्सी रोड पर दोंगता के पास बस और उज्जैन की ओर से आ रहे ट्राले में आमने-सामने भिड़ंत हो गई। राम जानकी पति परमात्मा शरण और मीराबाई पति गणेश प्रसाद प्रजापति और एक पुरुष की मौके पर ही मौत हो गई। सुमित्रा देवी (35) और राधा (12) दोनों मां-बेटी ने अस्पताल में दम तोड़ा। पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है। शवों को शाजापुर जिला अस्पताल भिजवाया है।
नई दिल्ली। हिंदुजा ग्रुप के चेयरमैन श्रीचंद परमानंद हिंदुजा का निधन हो गया है। उन्होंने बुधवार को लंदन में अंतिम सांस ली। हिंदुजा परिवार ब्रिटेन का सबसे अमीर परिवार है। उनकी कुल नेटवर्थ करीब 14 अरब डॉलर है, कारोबार 38 देशों में फैला है, जिसमें 150,000 से अधिक कर्मचारी काम करते हैं।
मुंबई के 26/11 हमलों के एक आरोपी को जल्द ही अमेरिका से भारत लाया जाएगा। अमेरिका की एक अदालत ने पाकिस्तानी मूल के कनाडाई व्यवसायी तहव्वुर राणा के भारत प्रत्यर्पण की मंजूरी दे दी है। भारतीय अधिकारियों ने तहव्वुर राणा (62) के मुंबई आतंकी हमले में शामिल होने की बात कही थी और साथ ही मांग की थी कि उसे भारत भेजा जाए। इसके लिए भारत ने 10 जून, 2020 को एक शिकायत दर्ज करवाई थी। तहव्वुर राणा के भारत प्रत्यर्पण के अनुरोध को जो बाइडेन प्रशासन से समर्थन और मंजूरी मिली थी। कैलिफोर्निया की डिस्ट्रिक्ट कोर्ट की जज जैकलिन चूलजियान ने कहा कि अदालत ने अनुरोध के समर्थन और विरोध से जुड़े सभी दस्तावेजों की समीक्षा की गई और उन पर विचार किया है। इस संबंध में 48 पन्नों का आदेश जारी किया गया है। आतंकियों की कर रहा था मदद- जज ने आगे लिखा, इस तरह की समीक्षा और विचार के आधार पर और यहां चर्चा किए गए कारणों के निष्कर्ष पर राणा की प्रत्यर्पण योग्यता को प्रमाणित किया जाता है, जो अनुरोध का विषय है। अदालत की कार्रवाई के दौरान अमेरिकी सरकार के वकीलों ने तर्क दिया कि राणा को पता था कि उनका बचपन का दोस्त डेविड कोलमैन हेडली, लश्कर ए तैयबा के साथ काम कर रहा है। तहव्वुर राणा ने उसकी गतिविधियों के लिए कवर प्रदान किया, जो एक तरह से आतंकवादियों की मदद करना है।
कर्नाटक में साफ हो गया है कि सिद्धारमैया कर्नाटक के अगले मुख्यमंत्री होंगे। सीएम की कुर्सी के लिए दावेदारी ठोक रहे डीके शिवकुमार उनके डेप्युटी बनने के लिए राजी हो गए हैं। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के हस्तक्षेप पर सरकार बनाने को लेकर आम सहमति बनी है। 20 मई को बेंगलुरु में शपथ ग्रहण समारोह होगा। कांग्रेस विधायक दल की बैठक आज शाम 7 बजे बेंगलुरु में बुलाई गई है। केंद्रीय पर्यवेक्षकों को बेंगलुरु पहुंचने को कहा गया है। सिद्धा और शिवकुमार में क्या डील हुई- डीके और सिद्धा, दोनों ही अपने-अपने दावे पर अड़े थे। डीके के बारे में कहा जा रहा था कि उन्होंने दो-टूक कह दिया है कि वह मुख्यमंत्री बनेंगे या फिर पार्टी में सामान्य विधायक की तरह काम करेंगे। पहले उन्होंने डेप्युटी सीएम का आॅफर भी ठुकरा दिया था। इसके बाद खबर आई कि पार्टी की ओर से शिवकुमार को डेप्युटी सीएम के साथ-साथ प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी और तीन-चार महत्वपूर्ण मंत्रालयों की पेशकश की गई। ध्यान रहे, इस दौरान सिद्धारमैया भी कांग्रेस लीडरशिप से मिलकर अपनी बात रख रहे थे। दरअसल, सिद्धारमैया की उम्र 75 साल है और आखिर में उन्होंने यही दलील हाईकमान के सामने रखी। सिद्धा ने पहले अपने लिए सीएम पोस्ट मांगी। समझा जा रहा है कि अपने लिए आगे खुला मैदान देखते हुए डीके ने डेप्युटी सीएम पोस्ट के लिए हामी भरी है। 2013 में पहली बार सिद्धारमैया ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। यह उनका दूसरा कार्यकाल होगा। उनके बाद कर्नाटक के सबसे बड़े नेता के तौर पर डीके ही आगे होंगे। उन्हें पार्टी प्रदेश अध्यक्ष बनाए रख सकती है और छह महत्वपूर्ण मंत्रालयों की भी जिम्मेदारी दी जा सकती है। कांग्रेस को इस बात का डर लगातार बना हुआ था कि डीके के असंतुष्ट होने से ‘पायलट या सिंधिया पार्ट-2’ देखने को मिल सकता है। ऐसे में चार दिनों तक मंथन चलता रहा।