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अगस्त से 66 रु. लीटर वाले फ्यूल पर दौड़ेंगी गाड़ियां

नई दिल्ली, एजेंसी। भारत में 100% एथेनॉल फ्यूल पर चलने वाले वाहन अगस्त में लॉन्च किए जाएंगे। ट्रांसपोर्ट एंड हाईवे मिनिस्टर नितिन गडकरी ने एक इंटरव्यू में कहा कि यह देश में एक क्रांतिकारी पहल होगी, जो इम्पोर्ट-आॅप्शन, कॉस्ट इफेक्टिव, पॉल्यूशन फ्री और पूरी तरह स्वदेशी होगी। वर्तमान में भारतीय बाजार में एथेनॉल की कीमत लगभग 66 रुपए लीटर के आसपास है और पेट्रोल की कीमत 108 रुपए के आसपास चल रही है। अगर ऐसा होता है तो जल्द ही भारतीय सड़कों पर सस्ते फ्यूल पर टू-व्हीलर और कारें दौड़ती नजर आएंगी। केंद्रीय मंत्री ने कहा- अगस्त से मैं 100% एथेनॉल पर चलने वाले वाहन लॉन्च करूंगा। बजाज, टीवीएस और हीरो ने 100% एथेनॉल पर चलने वाली मोटरसाइकिलें बनाई हैं। उन्होंने कहा कि टोयोटा कंपनी की 60% पेट्रोल और 40% बिजली से चलने वाली कैमरी कार की तरह ही अब देश में ऐसे वाहन लॉन्च किए जाएंगे, जो 60% एथेनॉल और 40% बिजली से चलेंगे।

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Avika Gor Interview: ‘बालिका वधू’ से पहले यहां मिला मुझे पहला ब्रेक, साउथ सिनेमा ने दिखाई बड़े पर्दे की राह

कलर्स चैनल के पहले सुपरहिट धारावाहिक ‘बालिका वधू’ की आनंदी यानी अविका गौर ने प्रिंट विज्ञापन से शुरुआत करके वाया साउथ सिनेमा अब हिंदी सिनेमा में कदम रखा है। उनकी पहली हिंदी फिल्म ‘1920 हॉरर्स ऑफ द हार्ट’ को बॉक्स ऑफिस पर संतोषजनक प्रतिसाद मिला है। एक कम बजट की फिल्म के हिसाब से इसका कलेक्शन भी इसके निर्माता अच्छा मान रहे हैं। 30 जून 1997 को मुंबई में जन्मी अविका गौर ने अपने जन्मदिन पर ‘अमर उजाला’ से ये खास बातचीत की।  

हॉरर फिल्मों को लेकर विक्रम भट्ट का एक अलग ही नजरिया रहा है। अपनी पहली हिंदी फिल्म के लिए ये फिल्म चुनने की वजह क्या रही?  
इस फिल्म के लिए मुझे विक्रम भट्ट जी का फोन आया। फोन पर ही उन्होंने कहानी सुनाई और कहा कि आपके साथ यह फिल्म करनी है। मुझे इतना बड़ा मौका बिना फिल्मी पृष्ठभूमि के। मेरा उनसे यही सवाल था कि मैं ही क्यों? उन्होंने कहा कि मुझे पता कि तुम ही यह रोल कर सकती हो। फिल्म को अच्छा रिस्पांस मिल रहा है। मैं खुद भी थियेटर में जाकर रिस्पांस देख रही हूं। कुछ बड़ी फिल्में आगे पीछे थी, फिर भी मेरी फिल्म को लोग पसंद कर रहे हैं। कोविड के बाद ऐसा रिस्पॉन्स मिलना बहुत बड़ी बात है। 

आपने चाइल्ड आर्टिस्ट के तौर पर करियर की शुरुआत की, पहला मौका कब मिला? 
एक बार मैं मुलुंड (मुंबई के पास का उपनगर) में अपने डांस क्लास के तरफ से परफॉर्म करने गई थी वहां मुझे एक कास्टिंग एजेंट ने देखा और मेरे पापा समीर गौर से बात की। अगले दिन मेरी फोटो मांगी गई और अगले दिन ही मुझे फोटोशूट पर बुला लिया गया। शूट पर जाने के बाद पता चला था कि सचिन पिलगांवकर और सुप्रिया पिलगांवकर के साथ एक बैंक के विज्ञापन के लिए प्रिंट ऐड शूट करना है। 

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ODI World Cup: ‘भारत के खिलाफ हारकर भी अगर वर्ल्ड कप जीत जाते हैं तो…’, पाकिस्तान के उप-कप्तान का बड़ा बयान

भारत से भिड़ंत पर पाकिस्तान के उपकप्तान शादाब खान की दिलचस्प राय है। शादाब व्हाइट बॉल क्रिकेट में पाकिस्तान टीम के उपकप्तान हैं।

जिस दिन से 2023 विश्व कप कार्यक्रम की घोषणा हुई है, उसी दिन से सभी की निगाहें भारत-पाकिस्तान मुकाबले पर टिकी हुई हैं। यह मैच 15 अक्तूबर को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला जाएगा। टूर्नामेंट की शुरुआत पांच अक्तूबर को अहमदाबाद में दुनिया के सबसे बड़े क्रिकेट स्टेडियम में इंग्लैंड और न्यूजीलैंड के बीच मैच के साथ होगी, जो फाइनल की भी मेजबानी करेगा। पाकिस्तान ने पहले भारत की यात्रा करने से इनकार कर दिया था। इसी वजह से आईसीसी ने कई हफ्तों की देरी के बाद कार्यक्रम की घोषणा की थी। आईसीसी ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड से एक एग्रीमेंट भी किया है, जिससे वह अब पीछे नहीं हट सकता।

भारत से भिड़ंत पर पाकिस्तान के उपकप्तान शादाब खान की दिलचस्प राय है। शादाब व्हाइट बॉल क्रिकेट में पाकिस्तान टीम के उपकप्तान हैं। उन्होंने कहा- भारत के खिलाफ खेलने से एक अलग ही खुशी मिलती है। इस मैच में दबाव भी अलग होता है। अब जब हमें वहां जाना है, तो हमें पता है कि उनका घरेलू मैदान होगा। लोग हमारे खिलाफ होंगे। हालांकि, हम वहां विश्व कप खेलने के लिए जा रहे हैं। इसलिए हमें पूरे टूर्नामेंट के बारे में सोचना चाहिए, न कि केवल भारत के खिलाफ मैच के बारे में, क्योंकि अगर हम भारत के खिलाफ जीतते हैं और विश्व कप हार जाते हैं, तो इसका कोई फायदा नहीं है।

सात साल बाद भारत आएगी पाकिस्तान की टीम

शादाब ने कहा, ‘मेरी राय में, भले ही हम भारत के खिलाफ हार जाएं, लेकिन विश्व कप जीत जाएं, यह जीत, जीत होगी क्योंकि यही हमारा मुख्य उद्देश्य है।’ पाकिस्तान की टीम सात साल बाद भारत आएगी। पिछली बार टीम ने 2016 टी20 विश्व कप के दौरान भारत की यात्रा की थी। तब पाकिस्तान और भारत को धर्मशाला में मैच खेलना था। हालांकि, पाकिस्तान धर्मशाला में नहीं खेलना चाहता था। ऐसे में सुरक्षा कारणों से भारत-पाकिस्तान मैच को कोलकाता शिफ्ट कर दिया गया था।

विश्व में 46 दिनों में खेले जाएंगे 48 मैच

इस साल वनडे विश्व कप में 46 दिनों में कुल 48 मैच खेले जाएंगे। विश्व कप के मैच भारत के 10 शहरों में खेले जाएंगे। हैदराबाद, अहमदाबाद, धर्मशाला, दिल्ली, चेन्नई, लखनऊ, पुणे, बेंगलुरु, मुंबई और कोलकाता में मुकाबले हैं। हैदराबाद के अलावा गुवाहाटी और तिरुवनंतपुरम 29 सितंबर से 3 अक्तूबर तक अभ्यास मैचों की मेजबानी करेंगे। कुल 10 टीमें भाग लेंगी। 

इस विश्व कप में एक टीम बाकी नौ टीमों के साथ राउंड रॉबिन फॉर्मेट में खेलेगी। इनमें से अंक तालिका में शुरुआती चार स्थान पर रहने वाली चार टीमें सेमीफाइनल में जगह बनाएंगी और यहां जीतने वाली टीमें फाइनल में भिडे़ंगी। पिछली बार इंग्लैंड में भी इसी फॉर्मेट में विश्व कप का आयोजन हुआ था। तब इंग्लिश टीम ने फाइनल में न्यूजीलैंड को हराया था। 

आठ टीमें पहले ही इस टूर्नामेंट के लिए क्वालिफाई कर चुकी हैं और बाकी दो स्थानों के लिए जिम्बाब्वे में क्वालिफायर राउंड खेला जा रहा है, जिसमें सुपर सिक्स में छह टीमें पहुंच चुकी हैं। इनमें से दो टीमें भारत में होने वाले विश्व कप के मुख्य राउंड में भाग लेंगी।

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कोका-कोला पीने से हो सकता है कैंसर, कोक में मौजूद स्वीटनर एस्पार्टेम को खतरनाक पदार्थ की लिस्ट में डालेगा WHO

Coca Cola Causes Cancer: कोका कोला के आप भी हैं शौकीन तो हो जाएं सावधान। कोका-कोला पीने से कैंसर का खतरा है। विश्व स्वास्थ संगठन (WHO) ने इस बात की पुष्टि की है। डब्ल्यूएचओ ने इसको लेकर चेतावनी जारी की है। उन्होंने कहा कि कोका-कोला समेत अन्य पेय और फूड आइटम्स को मीठा करने वाला आर्टिफिशियल स्वीटनर एस्पार्टेम से कैंसर होने का जोखिम है।

इन पदार्थों में एस्पार्टेम का उपयोग बता दें कि एस्पार्टेम का उपयोग कोका-कोला से लेकर मार्स एक्स्ट्रा च्यूइंग गम और कुछ स्नैपल पेय जैसे उत्पादों में किया जाता है। अमेरिकी खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने 1981 में मानव उपभोग के लिए एस्पार्टेम को मंजूरी दी थी, लेकिन तब से पांच बार समीक्षा की गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत सहित 90 से अधिक देशों ने इसके उपयोग को मंजूरी दे दी है।

जुलाई में खतरनाक लिस्ट में एस्पार्टेम होगा शामिल कृत्रिम स्वीटनर के बढ़ते उपयोग ने दुनिया भर में चिंता पैदा कर दी है। इस बीच WHO की इंटरनेशनल एजेंसी फॉर रिसर्च ऑन कैंसर (IARC) जुलाई में एक बैठक आयोजित करेगी जहां पहली बार एस्पार्टेम को उस लिस्ट में शामिल करेगी, जिससे कैंसर का खतरा होता है।

जुलाई में खतरनाक लिस्ट में एस्पार्टेम होगा शामिल कृत्रिम स्वीटनर के बढ़ते उपयोग ने दुनिया भर में चिंता पैदा कर दी है। इस बीच WHO की इंटरनेशनल एजेंसी फॉर रिसर्च ऑन कैंसर (IARC) जुलाई में एक बैठक आयोजित करेगी जहां पहली बार एस्पार्टेम को उस लिस्ट में शामिल करेगी, जिससे कैंसर का खतरा होता है।

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Kedarnath Uttarakhand: उत्तराखंड में फंसे इंदौर-महू के 30 यात्री, पहाड़ गिर रहे, दस हजार लोगों की जान पर बनी

इंदौर और महू से उत्तराखंड की चारधाम यात्रा पर गए 30 यात्री चमोली जिले में फंस गए हैं। अमर उजाला से बातचीत में महू के हर्षद कजरे ने बताया कि सुबह आठ बजे से 10 हजार लोग फंसे हुए हैं। सभी केदारनाथ के दर्शन के बाद बद्रीनाथ की ओर बढ़ रहे थे। रास्ते में पहाड़ गिरने की वजह से रुकना पड़ा। शुरुआत में लग रहा था कि रास्ता खुल जाएगा लेकिन पहाड़ों से लगातार पत्थर गिरते गए। रात में बातचीत के दौरान हर्षद ने कहा कि अब डर लगने लगा है। हम लोग जंगल में हैं और पीने का पानी तक नहीं है। आसपास के होटल में रहने के लिए जगह नहीं है। सुरक्षा के नाम पर कोई भी नहीं है। दो जेसीबी लगी हैं लेकिन बहुत समय लगेगा।

पानी गिरने से परेशानी अधिकरात में पानी गिरना शुरू हो गया जिससे और भी आफत बढ़ गई। लोग छुपने के लिए आसरा तलाश रहे हैं। पीछे भी नहीं जा पा रहे हैं। यात्रियों के मुताबिक यहां पर कर्मचारी धीरे-धीरे पहाड़ को रोड से हटा रहे हैं लेकिन मौसम अधिक खराब हो रहा है। ढाई सौ रुपए में एक पराठाआसपास जो लोग खाना बना रहे हैं वे ढाई सौ रुपए में एक पराठा दे रहे हैं और जो होटल हैं वे दो हजार रुपए में कुछ घंटों के लिए एक कमरा दे रहे हैं। होटल वालों के साथ हुई झूमाझटकीरात होते ही लोगों की परेशानी बढ़ गई और उन्होंने आसपास के होटल वालों से जगह देने के लिए निवेदन किया। इस बीच विवाद के हालात बने और सुरक्षाकर्मियों को बीच बचाव करना पड़ा।

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